घर-घर डिनर साइन-अप फ़ॉर्म
पड़ोसी एक कोर्स की मेज़बानी चुनते हैं, और दो घर मिलते ही वह कोर्स बंद हो जाता है।
इसमें क्या है
हर कोर्स के लिए दो मेज़बान घर होते हैं, फिर वह लिया हुआ दिखता है; मेज़बान अपना पता और सीटें बताते हैं, और हर कोई बताता है कि उसके साथ कितने लोग हैं।
- 1आपका नाम
- 2आप कैसे जुड़ेंगे?स्टार्टर की मेज़बानीमेन कोर्स की मेज़बानीमीठे की मेज़बानीमेहमान बनकर
- 3आपका पतासिर्फ़ तब, जब “आप कैसे जुड़ेंगे?” का जवाब स्टार्टर की मेज़बानी, मेन कोर्स की मेज़बानी या मीठे की मेज़बानी हो
- 4आप कितने मेहमानों को बैठा सकते हैं?सिर्फ़ तब, जब “आप कैसे जुड़ेंगे?” का जवाब स्टार्टर की मेज़बानी, मेन कोर्स की मेज़बानी या मीठे की मेज़बानी हो
- 5आपके साथ कितने लोग हैं?
- 6खाने से जुड़ी ज़रूरतें, जो हम मेज़बानों तक पहुँचा दें
रूट की योजना कैसे बनाएँ
लिंक तीन से चार हफ़्ते पहले सोसाइटी या दोस्तों के ग्रुप में भेजें। मेज़बानों को मेन्यू सोचने का समय चाहिए, और कोर्स उसी को मिलते हैं जो पहले चुनता है।
हर कोर्स के लिए दो घर हों तो 20 लोगों का ग्रुप 10-10 की दो टेबलों में बँट जाता है। रूट तय करने से पहले देख लें कि मेज़बानों की दी हुई सीटें सबके ग्रुप के आकार के लिए काफ़ी हैं।
हर कोर्स के लिए लगभग एक घंटा और घरों के बीच थोड़ी पैदल दूरी रखें। स्टार्टर 6 बजे, मेन कोर्स 7:15 पर और मीठा 8:30 पर रखने से चलने और मिलने-जुलने का समय बचता है।
खाने की ज़रूरतें हर कोर्स के मेज़बानों को एक हफ़्ता पहले बता दें, ताकि कोई ऐसे मेहमान के लिए मेन कोर्स न सोचे जो उसे खा ही न सके।
घर-घर डिनर से जुड़े सवाल
मेहमानों को दोनों घरों में कैसे बाँटूँ?
हर कोर्स पर ग्रुप मिलाते रहें, ताकि हर मेहमान नए पड़ोसियों से मिले। हर टेबल को उसके मेज़बान की बताई सीटों तक सीमित रखें, और सबको उनके तीनों पते एक ही मैसेज में भेजें। हर ग्रुप को साथ रखें, क्योंकि जोड़ा या परिवार एक साथ साइन-अप करता है। हर मेज़बान अपने कोर्स के दौरान अपनी ही टेबल पर बैठता है, इसलिए वहाँ पहले उनकी सीटें रखें।
अगर मेन कोर्स की मेज़बानी कोई न ले तो?
सीधे पूछें। मेन कोर्स में सबसे ज़्यादा मेहनत लगती है, इसलिए सुझाएँ कि दो पड़ोसी एक रसोई बाँट लें, या सबसे बड़े घर में मेन कोर्स पॉटलक बना दें। फ़ॉर्म दिखाता है कि कौन से कोर्स अभी ख़ाली हैं। अगर दस दिन पहले तक मेन कोर्स की जगह ख़ाली हो, तो उस मेज़बान के लिए पनीर या मिठाई का ख़र्च उठाने की पेशकश करें; इससे अक्सर “शायद” “हाँ” में बदल जाता है।
क्या मेज़बान भी खाते हैं?
हाँ। मेज़बान अपना कोर्स अपने घर पर खाते हैं और बाक़ी कोर्स के लिए ग्रुप के साथ चलते हैं। उन्हें भी बाक़ी सबकी तरह ग्रुप के आकार में गिनें। हर मेज़बान से कहें कि शाम शुरू होने से पहले डिश तैयार कर लें। इस तरह वे बाक़ी कोर्स में शामिल हो सकते हैं और अपना कोर्स गरम करने और टेबल लगाने के लिए बस कुछ मिनट पहले घर लौट सकते हैं।











